तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय में सोमवार को भुस्टा एवं भूटा ने टीएमबीयू में स्थायी कुलपति की मांग को लेकर जोरदार विरोध-प्रदर्शन किया। विरोध-प्रदर्शन के दौरान 15 अगस्त तक का अल्टीमेटम दिया गया है। अगर 15 अगस्त तक टीएमबीयू को स्थायी कुलपति नहीं मिला तो 16 से अनिश्चितकालीन हड़ताल किया जाएगा। इससे एक बार फिर टीएमबीयू बंदी के कगार पर जाता नजर आ रहा है। इधर कुछ दिन पहले ही 12 दिनों की बंदी को टीएमबीयू झेल झूका है। इधर भुस्टा एवं भूटा का आंदोलन शुरू हो गया, तो वहीं छात्र राजद भी 18 अगस्त तक मांग पूरी नहीं होने पर फिर से टीएमबीयू में तालाबंदी की चेतावनी हड़ताल खत्म करने के दौरान ही दे चुका है। वहीं अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने भी स्थायी कुलपति की मांग को लेकर आंदोलन की चेतावनी दी है।
अब संभावना है कि विश्वविद्यालय फिर से बंद हो सकता है। इधर विश्वविद्यालय की अराजक स्थिति के विरोध में भुस्टा एवं भूटा ने विरोध-प्रदर्शन किया। प्रभारी कुलपति प्रो. डॉ. हनुमान प्रसाद पांडेय के खिलाफ शिक्षक संघ ने पीजी कैंपस स्थित दिनकर परिसर से आक्रोश मार्च निकाल पर सड़क पर उतर गए। मारवाड़ी कॉलेज मार्ग होते हुए टीएमबीयू के प्रशासनिक भवन तक गए और प्रभारी कुलपति भगाओ, विश्वविद्यालय बचाओ का नारा भी लगाया। प्रदर्शन के बाद सीनेट हॉल में शिक्षकों ने सभा भी की। भुस्टा के महासचिव प्रोफेसर जगधर मंडल ने कहा कि विश्वविद्यालय में छात्रों की समस्याओं का अंबार लगा गया है। 50 हजार छात्रों का सत्र अनियमित हो गया है। टीएमबीयू को बर्बाद करने की साजीश की जा रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर 15 दिनों के भीतर टीएमबीयू में स्थायी कुलपति की नियुक्ति नहीं की जाएगी तो 16 अगस्त से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू किया जाएगा। प्रोफेसर जगधर मंडल ने कहा कि विश्वविद्यालय में स्थायी कुलपति के नहीं रहने के कारण अराजकता का माहौल है। उन्होंने राजभवन से टीएमबीयू में स्थायी कुलपति की मांग की है। भुस्टा के अध्यक्ष प्रो. डीएन राय ने कहा कि विश्वविद्यालय में कुलपति के नहीं रहने के कारण हम लोग आठ महीने से परेशान हैं।
14 अगस्त तक शिक्षक काला बिल्ला लगाकर करेंगे काम
प्रदर्शन और नारेबाजी के बाद सीनेट हॉल में सभा हुई। सभा की अध्यक्षता डॉ. मिहिर मोहन मिश्र ने की। दर्जनों शिक्षकों ने अपने विचार रखे। सभा में आम सहमति से चरणबद्ध आंदोलन की रूपरेखा तय की गई। संकल्प लिया गया कि स्थायी कुलपति की नियुक्ति तक संघर्ष जारी रहेगा। चूंकि विश्वविद्यालय में छात्रों और कर्मचारियों द्वारा कई हफ्तों तक बंदी की जा चुकी है। इसलिए शिक्षक संघ बंदी नहीं करेगा। कक्षा, परीक्षा और कार्यालय बाधित किए बिना आन्दोलन चलेगा। 14 अगस्त तक विवि मुख्यालय में प्रतिदिन क्रमबद्ध धरना दिया जाएगा। इस दौरान 14 तक सभी शिक्षक काला बिल्ला लगाकर काम करेंगे।



















